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रूठना मत हमे मनना नही आता…

रूठना मत हमे मनना नही आता,

दूर मत जाना हमे बुलाना नही आता,

तुम हमे भूल जाओ ये तुम्हारी मर्ज़ी,

मगर हम क्या करे,

हमे तो भूलना भी नही आता…।।

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मुद्दत का सफर भी था और वर्षों की चाहत भी थी…

मुद्दत का सफर भी था और वर्षों की चाहत भी थी,

रुकते तो बिखर जाते, चलते तो टूट जाते,

यूं समझ लो कि….. लगी प्यास गज़ब की थी,

और पानी में भी जहर था,

पीते तो मर जाते,

और न पीते तो भी मर जाते…